BJP से खतरा कांग्रेस -BJD ने बढ़ाई विधायकों की निगरानी

राज्यसभा चुनाव में कईं राज्यों में राज्यसभा चुनाव जल्द होने वाले हैं और ऐसे में सभी दलों के नेताओं को क्रास वोटिंग का खतरा सबसे ज्यादा सताता है और इसे रोकने के लिए हर कोआ जीन जान कोशिश कर रहा है, अभी तक बिहार से ही राज्यसभा की पांच में से एक सीट के लिए बीजेपी, और RJD की तमाम रस्साकशी सामने आ ऱही थी और अब ओडिशा से खबरें मिल रही हैं कि यहां बीजेडी और कांग्रेस दोनों को ही क्रॉस वोटिंग का खतरा सता रहा है, बीजेपी को लेकर उनकी चिंता है कि सरकार में काबिज होने का फायदा उठाकर वो विधायकों को तोड़ सकती है, यही कारण है यहां बीजेडी अध्यक्ष नवीन पटनायक और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष भक्त चरण दास ने चुनाव की कमान खुद संभाल रखी है , पता चला है कि 7-8 विधायकों की गतिविधियों पर पूरी नजर रखी हुई है हालांकि राजनीती में वोटिंग के दौरान किसी पर भरोसा नहीं किया जा सकता है इसलिए दोनों ही दल बीजेपी से डरे हैं और हर हाल में अपने विधायकों को एकजुट रखने की कोशिश में जुटे हैं।बीजेडी सुप्रीमो नवीन पटनायक ने तो बाकायदा सभी विधायकों को पत्र लिखा है और कड़े शबदों में कह दिया है कि मुख्य सचेतक की ओर से जारी व्हिप का सभी कड़ाई से पालन करें । कांग्रेस भी तीन लाइन का व्हिप जारी करने में पीछे नहीं रही है। विधायकों को कहा गया है कि 13 से 16 के बीच कोई भी भुवनेश्वर छोड़कर नहीं जाएगा।
Speaker क्यों बरसे Rahul Gandhi पर


लोकसभा में आज स्पीकर ओम बिरला राहुल गांधी पर बरस गए, दरअसल राहुल गांधी को बोलने के लिए समय मिला था पर राहुल तो राहुल हैं, सोचते कुछ और हैं, बोलते कुछ और हैं, और करना कुछ और ही चाहते हैं और लोकसभा में यही हुआ और इसी काऱण ओम बिरला भड़क गए, राहुल को जिस टापिक पर बोलना था उसे छोड़कर राहुल एप्सटिन फाइल पर कूद पड़ इसपर ओमबिरला ने उन्हें टोकते हुए कहा कि आप कहते हैं कि संसद में नेता प्रतिपक्ष को बोलने का मौका नहीं दिया जाता, आज सदन में चर्चा को रोककर आपको बोलने का मौका दिया तो आप पहले से तय विषय पर न बोलकर दूसरे टॉपिक पर बोल रहे हैं , जिसका नोटिस भी नहीं दिया गया, ओमबिरला ने यह भी कह दिया कि संसद नियमों से ही चलती है। दरअसल ओमबिरला तब भड़के जब राहुल गांधी LPG संकट का मुद्दा लोकसभा में उठा रहे थे और बीच में ही उन्होंनेअचानक एपस्टीन फाइल्स पर बोलना शुरू कर दिया। इस पर स्पीकर ने राहुल गांधी को टोकते हुए कह दिया कि आपने नोटिस कुछ और दिया है, नोटिस पर ही बोलिए,
निशिकांत दुबे ने क्या पोल खोल दी अब विपक्ष मोदी की विदेश यात्रा पर सवाल नहीं करेगी

विपक्ष और खासतौर पर कांग्रेस और राहुल गांधी pm मोदी की विदेश यात्रा को लेकर बहुत हमलावर रहते हैं और अकसर यही कहते हैं कि मोदी देश में कम विदेशों में ज्यादा रहते हैं लेकिन BJP सांसद निशिकांत दुबे ने संसद में राहुल गांधी को इतना धो दिया कि शायद ही अब वो मोदी जी कि विदेश यात्रा का जिक्र कर पाएंगे, राहुल गांधी पर हमला करने के साथ साथ निशिकांत दुबे का एक और विडियो काफी वायरल हो रहा है जिसमें वो एक बार फिर बाबा साहिब ठाकरे को याद करके उद्धव ठाकरे पर जमकर बरसे कि उन्होंने बाबा साहिब का अपमान किया है जो कांग्रेस से हाथ मिला लिया।
पूरे आंकड़ों के साथ निशिकांत दुबे ने उद्वव ठाकरे पर निशाना
वैसे दूबे जब बोलते हैं तो पूरे आंकड़ों के साथ तथ्यों को लेकर बोलते हैं उन्होंने संसद में कहा कि 2014 से 2026 के बीच राहुल 260 बार विदेश दौरे पर गए हैं , उन्हें किसने sponser किया, दुबे ने कहा कि गांधी परिवार का कोई बिजनेस नहीं है, किताबों की रायल्टी आती है तो राहुल गांघी किसके पैसे पर इतनी विदेश यात्रा कर लेते हैं, अब यह जानकरी कुछ नई और अटैकिंग थी तो तुरंत चर्चा का विषय बन गई ,इसका विडियो वायरल हो गया , निशिकांत दुबे ‘शिवसेना उद्वव की पार्टी को भी कांग्रेस से हाथ मिलाने पर नहीं छोड़ा , दुबे ने कहा कि जाकर लाइब्रेरी में पढ लो कि जब 1979 में बाला साहब ठाकरे की पत्नी पर गोली चली, उनको मारने की साजिश हुई…. जब उनको पूरी साजिश का पता चला तब उन्होंने भाषण दिया कि मैं जीवन में मरना पसंद करूंगा लेकिन कभी भी इंदिरा गांधी या कांग्रेस के साथ नहीं जाऊंगा , वैसे आपको बता दें कि इसके अलावा भी बाबा साहिब ने समय समय पर कांग्रेस से अपनी दूरियां जगजाहिर की हुई हैं जैसे
इसके अलावा 2019 में india tv को दिए एक इंटरव्यू में बाबा साहिब ने खुद sonia गांधी को Imported Stuff बताया और कहा कि वो कभी PM के लिए उन्हें Recomend करेंगे, फिर एक बार उन्होंने ये भी कहा था कि जिस दिन उन्हें 10 जनपथ पर सिर झुकाना पड़ेगा वो अपनी पार्टी ही बंद कर देंगे, सोनिया गांधी को लेकर वायरल वीडियो हा रहा शेयर एक वीडियो तो उनका बहुत फेमस है, जिसमें वो कहते हैं कि हि** ही सोनिया गांधी के आगे झुकते हैं। वहीं खुद एकनाथ शिंदे ने भी उद्वव को कांग्रेस का हाथ पकड़ने के लिए काफी लताडा था और कहा था कि सिर्फ मुख्यमंत्री बनने के लिए वो कांग्रेस के साथ गए
अब जैसे ही निशिकांत दुबे ने बाबा साहिब की पत्नी पर गोली चलने का किस्सा संसद में सुनाया ये तमाम बातें और वीडियो फिर से चर्चा में आ गए हैं और फिर एक बार उद्वव पर निशाना लगना शुरू हो गया , दुबे शायद यही कहना था कि कांग्रेस से हाथ मिलाने के बाद भी उद्वव को क्या मिला ना कुर्सी मिली, ना बाबा साहिब की ताकत ,
