क्या कृषि मंत्री एक महिला बनने वाली-नाम चौंका देगा

मोदी कैबिनेट में फेरबदल को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म है , कोई बता रहा है राजनाथ जा रहे, कोई नितिन गडकरी के जाने की बात कर रहा, कोई कह रहा अब अमित शाह के अनुसार ही नए मंत्रियों को चयन होगा लेकिन इन सब के बीत चली एक चर्चा हर किसी को चौंका रही है कि क्या कृषि मंत्रालय का दामोदार शिवराज चौहान से लेकर एक महिला को दिया जा सकता है ,और ये महिला होंगी कौन. चलिए हम बताते हैं पूरी चर्चा क्या है, दरअसल महाराष्ट्र के कद्दावर नेता शरद पवार को लेकर बातें जोरों पर हैं कि क्या वो अपनी पार्टी का विलय कांग्रेस में करेंगे या फिर एनडीए में शामिल होकर उनकी बेटी और सांसद सुप्रिया सुले को पसंदीदा  मिलने की बात करेंगे और पसंदीदा मंत्रालय शरद पवार के लिए कृषि मंत्रालय से ज्यादा कोई हो नहीं सकता क्योंकि शरद पवार खुद लंबे समय के लिए कृषि मंत्री रहे हैं और वह चाहते हों कि उनकी बेटी को यही मंत्रालय मिले जिससे वो उसकी पूरी मदद कर सकें, खैर ये सब अभी चर्चाएं हैं पर इतना तो लग रहा है कि शरद पवार पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी की कांग्रेस के टुकड़ों में बिखरता देख रहे हैं और महाराष्ट्र में उन्हें अपनी पार्टी टूटने का भी ज्यादा खतरा सता रहा है। ऐसे में पार्टी को सुरक्षित रखने और सुप्रिया सुले को केंद्र में सैट करने की शरद पवार कोशिश करेंगे, क्योंकि बीजेपी के पास उनको देने के लिए बहुत कुछ है तो वहीं कांग्रेस के हाथ बिना पावर के बंधे हुए हैं। अब देखना है कि शरद पवार क्या फैसला लेते हैं।

RSS का कड़ा रूख बना बीजेपी के गले की हड्डी राम मंदिर चंदा चोरी

राम मंदिर चंदा चोरी का मामला बीजेपी के लिए बड़ी Embarrassment ही माना जा रहा है, क्योंकि जहां इसका उद्धघाटन -पूजा पाठ pm मोदी ने किया , वहीं संत की छवि रखने वाले योगी जी के राज्य में यह शर्मनाक घटना घटी, इसलिए इसे लोग भी बहुत गंभीरता से ले रहे हैं , अहम बात ये है कि बीजेपी के अपने भी बढ़ चढ़कर इस घटना की निंदा कर रहे हैं और अब BJP की Embarrassment और ज्यादा बढ़ती दिख रही है क्योंकि राम मंदिर के दान-पात्रों से चोरी के मुद्दे पर RSS ने भी खुलकर अपना बयान देना शुरू कर दिया, पहले RSS के महासचिव दत्तात्रेय होसबोले ने कहा है कि जांच में जो कोई भी दोषी पाया जाए, उसे कड़ी सजा मिलना चाहिए , उन्होंने कहा कि दुर्भाग्यपूर्ण घटना ने राम भक्तों की भावनाओं के साथ पूरे समाज की श्रद्धा को आहत किया है। पर साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि हर कोई धैर्य और संयम दिखाएं क्योंकि इसके जरिए हिंदू धर्म को बदनाम करने वाले पीछे लग गए हैं, वहीं RSS प्रमुख मोहन भागवत ने भी रविवार को सीधे कह दिया कि वह राम मंदिर चंदे के मामले पर दत्तात्रेय होसबाले की बात से पूरी तरह सहमत हैं। दोषियों को किसी भी तरह से बख्शा नहीं जाना चाहिए।