Reiki -हमारे शऱीर के अंदर छुपी शक्ति की पहचान करवाती है 

हम सभी के  एक ऐसी विद्या है, ऐसा एक हुनर है जो आपको पैदा होने के साथ ही मिला है। बहुत से लोग इस हुनर के बारे में अपनी इस विद्या के बारे में नहीं जानते क्योंकि यह एक हिंडन पावर मतलब छुपी हुई शक्ति होती है, छुपी हुई पावर होती है, उसको समझकर, उसको जानकर  उसे बाहर निकालना पड़ता है और यही शक्ति हम सबको अपनी बीमारियां ठीक करने में,  घर परिवार की  समस्या ठीक करने में और तमाम और परेशानियों का समाधान दिखाने में मदद करती है।

अपने हाथों में आई शक्ति से कर सकते हैं अपनी और दूसरों की समस्याएं दूर 

ये है Reiki शक्ति,   रेकी  एक बहुत पुरानी, हीलिंग पद्धति है। यह विज्ञान से जुड़ी हुई है और यह कोई ना कोई जादू टोना है ना कोई तंत्र मंत्र है ना कोई वहम है। ये एक साइंटिफ़िक क्रिया है जो हमें बताती है कि  एक पावर जो हमें जन्म लेने के साथ ही मिलती है और वो पावर धीरे-धीरे बढ़ती रहती है। बहुत से लोग इस पावर से बिल्कुल अनजान होते हैं। उन्हें पता ही नहीं होता। उनके अंदर शरीर के अंदर एक ऐसी हीलिंग पावर है जो कुदरत  ने ईश्वर ने उन्हें जन्म के साथ दी थी जिसका उपयोग करने से ना केवल वो अपनी बीमारियां ठीक कर सकते हैं बल्कि अपने साथ साथ घर बैठे ही बिना कहीं जाए हुए बिना किसी साधन के दूसरों का भी इलाज करके उन्हें ठीक कर सकते हैं।रेकी विद्या हमारे प्राचीन काल से चली आ रही है।  हमारे साधु संत  इसका उपयोग करते थे और कर भी रहे हैं,  अपने हाथों की वाइब्रेशन यानी स्पर्श देकर वो  उपचार करते हैं, उनका आशीर्वाद सिर पर आता है और लोगों को महसूस होने लगता है कि वो ठीक हो रहे हैं।

Reiki हमें कुदरत पर विश्वास करना सीखाती, उससे जुड़ने की राह दिखाती 

REIKI  विद्या एक छोटी सी टेक्निक है जो एक अच्छे मास्टर से दीक्षा लेने के बाद —-एक छोटे से शक्तिपात के बाद आपके अंदर आती है। आपके शरीर के सारे चक्र खुल जाते हैं। शरीर के अंदर जो हीलिंग पावर होती है वह बढ़ जाती है और आपको पता लग जाता है कि कुदरत के साथ कैसे जुड़ना है। बस जरूरत है इस पावर को सीखने के लिए छोटे विश्वास की और संयम की क्योंकि यह विद्या आपके विश्वास से जुड़ी हुई है। इसके लिए आपको बहुत पढ़ा लिखा होना जरूरी नहीं है। आपकी उम्र का कोई भी इसमें संबंध नहीं है। 10 साल की उम्र के बाद कोई भी इस विद्या को सीख सकता है और सीखने के बाद अपना उपचार करने के साथ-साथ दूसरों का उपचार कर सकता है। जैसा कि हम आपको बता दें, यह एक ऐसी विद्या है जो दूर बैठकर राज करती है। आपके घर के सदस्य अगर दूर भी बैठे हैं, तो इस विद्या को सीखने के बाद आप उन्हें उपचार कर सकते हैं। यह विद्या हमारे क्राउन चक्र से अंदर आती है और हमारे हाथों इन्हीं चक्रों से बाहर निकलती है और सामने वालों को हील करती है।  जैसे कि हमारे साधु संत आशीर्वाद के रूप में अपना हाथ सर पे रखते हैं । उनके हाथों से एक वाइब्रेशन निकलती है,  वैसे ही Reiki सीखने के बाद हम लोग जब हाथ ऐसे रखते हैं, ऐसे रखते हैं तो हमारे हाथों से एक वाइब्रेशन निकलती है और सामने वाले को हील करती है और उसका उपचार करती है। और साथ-साथ आपके जीवन की कोई भी कठिनाई हो, कोई भी समस्या हो तो अगर साथियों आपको सच्चे दिल से इस पावर पे ईश्वरी शक्ति पे विश्वास है तो वह बहुत जल्दी ठीक होगी.

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