अखिलेश यादव संभलो अपने ही नेता नींव हिला रहे

आजकल समाजवादी पार्टी को बाहरी दलों से कम अपने ही नेताओं की हरकतों से ज्यादा परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, अब सभी को पता है कि समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता राजकुमार भाटी अपने बड़बोले पन और हिंदू धर्म के खिलाफ बोलने के कारण अकसर पार्टी को बैकफुट पर खड़ा कर देते हैं, पर हाल ही में यूपी में चुनाव से पहले राजकुमार भाटी के वो कर दिया कि समाजवादी पार्टी एकदम सकते में आ गई, जी हां भाटी ने ना केवल बौद्ध धम्म की दीक्षा ले ली पर साथ ही हिंदू देवी-देवताओं को त्यागने वाली बात भी की, जी हां बौद्ध घर्म को अपनाने पर नियमानुसार 22 प्रतिज्ञाएं भी लेना होती हैं। इन प्रतिज्ञाओं में हिंदू देवी-देवताओं के प्रति श्रद्धा का त्याग करना भी शामिल होता है, शपथ में कहा जाता है कि ‘मैं विष्णु महेश ब्रह्मा के साथ राम और कृष्ण में कोई श्रद्धा नहीं रखूंगा। और न ही उनकी पूजा करूंगा। बस अब यूपी में हिंदू धर्म के खिलाफ इतनी बड़ी बात करना खासकर जब वहां आजकल राम राम हो रहा समाजवादी पार्टी के खिलाफ जा सकता है और यही कारण है कि जब ये बात फैली तो पार्टी के कद्दावर नेता रामगोपाल यादव को बीच में आना पड़ा और उन्होंने भाटी को कड़ा संदेश दे डाला कि उन्हें पद से हटाया जा सकता है। बस एक फटकार में ही भाटी की हवा निकल गई और उन्होंने सोशल मीडिया पर अपील की और इस बात का खंडन किया कि उन्होंने हिंदू धर्म छोड़ा है।

मल्लिकार्जुन खरगे के बयान Congress के लिए बड़ी सिरदर्दी बन सकते

सब जानते हैं कि कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे का हिंदी में हाथ तंग है और जिसके कारण कईं बार वो अपने ही दिए गए बयानों में बुरी तरह फंस जाते हैं, कईं बार साफ लगता है कि खरगे जो कहना चाह रहे थे वो ना कहकर कुछ और ही बोल गए और फंस गए। अब सबको पता है कि नीतीश कुमार काफी समय से NDA के साथ ही हैं और कांग्रेस और राहुल गांधी की उपेक्षा के चलते ही वो इंडी गठबंधन छोड़ने पर मजबूर हुए, पर खरगे ने हाल ही में नीतिश पर ही तंज कसने की कोशिश की और कहा कि इस बात का दुख है कि नीतीश कुमार ने समाजवादी विचारधारा के नेता होते हुए भी उन्होंने आरएसएस और बीजेपी का हाथ थाम लिया है। बस फिर क्या था खरगे के इस बयान से राजनिति गरमा गई और JDU प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने उन्हें आड़े हाथों लेते हुए कहा कि नीतीश कुमार के राजनीतिक व्यक्तित्व पर कोई भी टिप्पणी करने से पहले मल्लिकार्जुन खरगे को अपने गिरेबान में झांकना चाहिए।उन्होंने मल्लिकार्जुन खरगे पर कांग्रेस का ‘रबर स्टैंप’ अध्यक्ष कहते हुए जबरदस्त तंज भी कस दिया। उन्होंने यह भी कह दिया कि वो ऐसी पार्टी के अध्यक्ष हैं जो अपने युवराज’ का बार बार राजनीतिक लॉच कर रहे हैं और विफल हो रहे हैं।यही नहीं एक समारोह में बडबोले खरगे ने मोदी के पिताजी के बारे में भी बड़े बोल बोल दिए जिससे उनकी काफी निंदा हो रही है, उनकी अपनी पार्टी के नेता भी मान रहे हैं कि इस तरह के बयान Congress के लिए घातक सिद्द हो सकते हैं।