Congress अपनी राजनीती चमका रही और साथी दल के पास तमाशा देकने के अलावा कुछ नहीं
एक तरफ राहुल गांधी और पूरी कांग्रेस देश की राजधानी दिल्ली में चुनाव आयुक्त के इस्तीफे को लेकर रोजाना धरना प्रदर्शन करने में बिजी है और दूसरी तरफ उसके अपने साथी कांग्रेस से कांग्रेस के तमाशे से धीरे-धीरे किनारा कर रहे हैं, पहले केजरीवाल -कांग्रेस से अलग हुए फिर DMK ने किनारा किया और अब बिहार में RJD मतलब तेजस्वी यादव जो कर रहे हैं उससे साफ लग रहा है कि वो भी कांग्रेस से अलग होने का कुछ बड़ा प्लान कर रहे हैं, जी हां पिछले एक महीने में देखें तो RJD ने कुछ ऐसा कर दिया कि कांग्रेस को तीन बड़े धोखे दे दिए पर कांग्रेस की नींद नहीं टूटी है। सबसे पहले तेजस्वी ने 11 सितम्बर को बिना कांग्रेस से सलाह लिए MLC चुनाव में अपने 6 उम्नीदवार उतार दिए। फिर 4 अक्टूबर को एक बार फिर तेजस्वी यादव ने कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और मौजूदा विधान पार्षद मदन मोहन झा के खिलाफ उम्मीदवार उतार दिया। इसके बाद कांग्रेस को मिला एक और बड़ा धोखा जब RJD ने ने 8 अक्टूबर को दिया, कांग्रेस को छोड़ कर राजभवन तक मार्च निकाल लिया। तेजस्वी यादव ने कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम के हस्ताक्षर के बिना ही राज्यपाल को ज्ञापन भी सौंप दिया। साफ लग रहा है कि RJD को लगने लगा है कि कांग्रेस के चक्कर में वो अपनी क्षेत्रीय राजनीति से भी हाथ ना धो बैठें क्योंति कांग्रेस तो दिल्ली में बैठकर अपनी राजनीती चमका रही है और किसी भी क्षेत्रीय दल को पूछ भी नहीं रही, तेजस्वी तो क्या शायद अखिलेश को भी इस बात का पता चलने लगा है कि दिल्ली में कांग्रेस की राजनिती चमकाने के चक्कर में कहीं यूपी ना हाथ से निकल जाए, शायद यही काऱण हैं वो क्नाट प्लेस में बुलाए गए लंच में शामिल नहीं हुए।
Rahul करें प्यार मोहब्बत की बात —कार्यकर्ता मार-पिटाई पर उतारू
एक तरफ राहुल गांधी मोहबब्त की दुकान का नारा देकर प्यार मोहबबत की बात करते हैं और दूसरी तरफ कांग्रेस के ही यूथ खुलेआम मार-पिटाई कर लोगों को डरा रहे हैं, पुलिस तक को नहीं छोड़ रहे , जी हां जंतर मंतर पर चल रहे प्रोटेस्ट के दौरान कईं ऐसे विडियो वायरल हो रहे हैं जहां कांग्रेस के कार्यकर्ता बदतमीजी कर रहे हैं, अब इन कार्यकर्ताओं ने राहुल गांधी के खिलाफ नारेबाजी करने पर कश्मीरी युवक को ही पीट दिया, यह पूरी घटना कनॉट प्लेस में हुई , एक युवक नेमोदी सरकार की तारीफ कर दी और राहुल गांधी के खिलाफ नारेबाजी की जिससे कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कश्मीरी मुस्लिम युवक की पिटाई कर दी, इस युवक की पहचान फहीम नजीर के रूप में हुई और वो श्रीनगर का रहने वाला है। युवक नारे लगा रहा था कि देश को राहुल गांधी भ्रमित कर रहे हैं और बांग्लादेश बनाने की कोशिश कर रहे हैं, वहीं एक दूसरा विडियो भी काफी वायरल हो रहा है जिसमें कांग्रेसी कार्यकर्ता पुलिस कर्मी को पीछे से लात मारता दिख रहा है। कांग्रेस का यह दोहरा चरित्र सबके सामने आ रहा है, अब सोचने वाली बात ये हैं कि जो तमाम कांग्रेसी नेता दिन रात PM मोदी की बुराई करते हैं, उनके खिलाफ अपशब्द कहते हैं , क्या इतना कहने पर उनकी अगर पिटाई करनी शुरू कर दी जाए तो हर दिन यह पिटाई का सिलसिला चलता रहेगा।
Bihar – नीतीश के नाम का सहारा अब भी जरूरी
बिहार से नीतीश कुमार के जाने के बाद JDU का एक बड़ा तबका पुरजोर कोशिश में लगा हुआ है कि किसी तरह उनके बेटे निशांत को राजनीती में अच्छी तरह सैट कर दिया जाए, कारण साफ है कि निशांत का पॉलिटिकस में सफल होना, पार्टी का भविष्य बनने का मतलब है कि इसके जरिए जेडीयू के सीनियर नेताओं का भी फ्यूचर सेफ हो जाए। और अगर कल को निशांत गद्दी पर बैठते हैं तो उनके भी पहले जैसे ठाठ हो जाएं, खैर ये तो दूर के सपने हैं पर उसकी तैयारी होती दिख रही हैं, जी हां जिस तरह से बिहार में फरक्का जल संधि पर नीतीश संवाद’ का आयोजन किया गया और इसमें निशांत कुमार को प्रमुखता से सामने रखा गया उससे लग गया कि आने वाले समय में निशांत से बहुत उम्मीदे की जा रही है, इस संवाद सम्मेलन में संजय झा और उमेश कुशवाहा जैसे बड़े नेता भी शामिल हुए। सम्मेलन में निशांत कुमार ने खुलकर फरक्का संधि के नवीनीकरण का विरोध किया और कहा कि यह वर्तमान स्वरूप में बिहार के हित में नहीं है। निशांत ने यह मांग भी उठाई कि गंगा के पानी में बिहार को न्यायसंगत हिस्सा मिलना चाहिए, अब जाहिर सी बात है कि राज्य से जुड़े इतने बड़े मुद्दे पर जब निशांत आगे बढ़चढ़ कर बोलेंगे तो उनकी राजनीति को चमकेगी ही और उनके साथ jdu के कई नेता भी नीतिश के नाम का सहारा लेकर अपनी राजनीती चमका रहे हैं,
