देश में इस साल बिहार में चुनाव होने हैं और , बिहार की राजनीति पूरी तरह से गरमाई हुई है और ऐसे माहौल में जब बीजेपी के चाणक्य यानी अमित शाह चुनाव प्रचार के लिए पहुंच जाएं तो जाहिर सी बात है कि उनकी किसी ना किसी बात पर विवाद तो होगा ही और वार -पलटवार का दौर शुरू हो जाएगा, अब  यही हुआ अमित शाह ने खुलकर लालू प्रसाद यादव और उनके परिवार पर  निशाना साधा  और यह तक कह दिया कि जनता को  पति-पत्नी का राज याद हैं ना जब जंगल राज हुआ करता था, जाहिर है चाणक्य लालू और राबड़ी की बात कर रहे थे, अब जब चाणक्य ने इतना बोल दिया तो विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव  भी उनपर जमकर बरसे और कहा कि 20 साल से सत्ता से बाहर रहने के बाद भी   लालू प्रसाद आज भी ताकतवर हैं। तेजस्वी ने तंज कसते हुए यह भी कह दिया कि आज भी लालू के नाम से bjp की नींदे उड़ जाती हैं , तेजस्वी ने कहा कि लालू का इतना डर है कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह बिहार में आए और अपने 19 मिनट के भाषण में 18 बार लालू प्रसाद का नाम लिया। लालू यादव को गाली देना इन लोगों का फैशन बन गया है। इससे अपना समझ सकते हो कि लालू का नाम और डर कितना बड़ा है। जानकारों का मानना है कि  तेजस्वी ने सही पकड़ लिया।

तेजस्वी क्यों इतनी गिरी राजनीती कर रहे

कहते हैं ना राजनीती में अपने फायदे और दूसरे को नुकसान पहुंचाने के लिए कोई किसी भी हद तक जा सकता है, बिहार में आजकल यही देखने को मिल रहा है , आज बात कर रहे हैं तेजस्वी यादव और उनकी पार्टी rjd की, जिन्होंने हाल ही में दावा किया था कि लालू से नीतीश सरकार डरती है क्योंकि आज भी वो ताकतवर नेता हैं, लेकिन लगता है RJD खुद हार से डरी  बैठी हैं और चुनाव से पहले नीतीश कुमार को बदनाम करने के लिए वो सब कर रहे हैं जो शोभा नहीं देता। दरअसल हाल ही में एक कार्यक्रम के दौरान गृह मंत्री अमित शाह और नीतीश कुमार ने   800 करोड़ रुपये से अधिक लागत की केंद्रीय और राज्य परियोजनाओं की शुरुआत की। इस दौरान अमित शाह ने  लाभार्थियों को ‘‘डमी चेक’’ भी भेंट किए,  एक ग्रामीण महिला जब यह चैक ले रही थी तो वह  समझ नहीं पाई कि अमित शाह उनसे तस्वीर के लिए कैमरे के सामने देखने को कह रहे हैं। इसपर वहां मौजूद नीतीश कुमार ने  मुख्यमंत्री ने महिला के कंधे पर  हाथ रखकर उसका चेहरा पत्रकारों की तरफ कर दिया, बस इसी बात पर rjd ने  ‘एक्स’  पोस्ट पर लिख दिया कि  मुख्यमंत्री नीतीश कुमार कैसे एक महिला को आपत्तिजनक तरीके से अपनी तरफ खींच रहे हैं और गृहमंत्री अमित शाह टुकुर-टुकुर देख रहे हैं। लाचार मुख्यमंत्री और बीमार भाजपा की जुगलबंदी बिहार को शर्मसार कर रही है। पर लगता है यह बेहूदा टिप्पणी rjd पर ही भारी पड़ रही है और  कहा जा रहा है जो जैसा है वैसा ही सोचता है। राजनीतिक जानकार भी कह रहे हैं कि आरजेडी ने गलत किया, उन्हें तस्वीर और  वीडियो ठीक से देखना चाहिए था।

पुलिस वालों को अकल सिखाई बिजलीकर्मी ने

पुलिस के लिए  टिट फार टैट , यानी जैसे को तैसा , पुलिस वालों को अपनी वर्दी का बड़ा घमंड  रहता है और उन्हें लगता है कि वो कानून के नाम पर कुछ भी कर सकते हैं, सभी ठीक है पर यूपी में एक Electricman ने वो कर दिया जो चर्चा का विषय तो बना ही साथ ही पुलिस को भी कुछ सबक मिला हो. दरअसल बिजली की लाइन ठीक कर रहे एक  विद्युतकर्मी ने अपनी bike सड़क पर खड़ी कर दी और लाइन ठीक करने लगा, थोड़ी देर बाद पुलिस वालों ने  सड़क पर गलत ढंग से खड़ी बाइक खड़ी करने पर उसका चालान कर दिया। बस फिर क्या था इस बात से बिजली विभाग के अधिकारी से लेकर कर्मचारी भड़क गए और   कुछ बाद ही सभी थाने पहुंच गए और थाने का  बकाया बिल  पुलिस को थमाकर  थाने की बिजली  काट दी। थाने में देर रात तक अंधेरा रहा। वैसे थाना प्रभारी इस मामले के बारे में कुछ बोले नहीं। बिजली ठीक करने वाले कर्मचारियों का आरोप है कि पुलिस जानबूझकर हमारे साथ गलत वय्वहार करती है जबकि दोनों ही सरकारी नौकरी कर रहे हैं।  पुलिस के एक फोन पर रात हो या दिन हम बिजली ठीक कर देते हैं पर कोई लिहाज नहीं करती, खैर पुलिस ने जिस बिजली वाले का चालान किया उसने भी बताया कि वह बाजार में एक  दुकान की लाइन सही कर रहा था  और उनकी बाइक दुकान के आगे खड़ी थी फिर भी  पुलिस ने उसकी बाइक का पांच सौ रुपये का चालान काट दिया ।