अमित शाह के साथ कौन बना BJP का दूसरा चाणक्य
दूसरों दलों से बीजेपी में आने वाले नेताओं की गिनती की जाए तो लिस्ट काफी लंबी हो जाएगी, पर हां कुछ कद्दावर नेताओं के नाम काफी लिए जाते हैं जिसमें ज्यातिराजेसिंधिया, आर पी एन सिंह नवीन जिंदल, गौरव भाटिया, शाजिया इलमी और अब एक और नाम जुड़ा है राघव चड्डा का, लेकिन अगर देखा जाए तो दूसरे दलों से आने वाले तमाम नेताओं को कुछेक को छोड़कर बीजेपी में वो स्थान अभी तक नहीं मिल पाया जिसकी वो उम्मीद रखते थे और काबिल भी थे, अब इसके कईं वजह हो सकती हैं, पर आज बात कर रहे हैं एक ऐसे नेता की जो कांग्रेस से आए और बीजेपी के टाप नेताओं में अपनी जगह ऐसी बना ली कि उनके नाम की बाहर तो क्या बीजेपी में भी तूती बोलती है, जी हां यहां हम बात कर रहे हैं असम के cm हिमंत बिस्वा सरमा की , 2015 में बीजेपी में आए हिमंत बिस्वा सरमा इस समय बीजेपी के टाप, कद्दावर नेताओं में शामिल हो चुके हैं और पार्टी में उनकी अच्छी खासी धाक भी है , उनके खिलाफ बीजेपी नेताओं में कभी बगावत करने की भी कोशिश नहीं की और जिस तरह से पश्चिन बंगाल चुनाव प्रचार में योगी आदित्यनाथ के बाद हिमंत बिस्वा सरमा को बीजेपी ने बढ़चढ़कर चुनाव प्रचार में उतारा उससे साफ लग रहा है कि हिमंता का कद पार्टी में लगातार बढ़ता जा रहा है, वैसे यह बात सच भी है कि पिछले कुछ सालों में हिंमता ने northeast राज्यों में एनडीए को मजबूत करने में भी अहम भूमिका निभाई है और इस समय हिमंत बिस्वा सरमा को बीजेपी में नॉर्थ-ईस्ट का चाणक्य भी कहा जाने लगा है, वैसे अगर कहा जाए हिमंत बिस्व सरमा पहले ऐसे नेता होंगे जो किसी बड़े दल यानी कांग्रेस को छोड़कर दूसरे बड़े दल यानी बीजेपी में गए और वहां पर ऐसी पैठ बना ली कि माना जा रहा है कि उन्हें बीजेपी एक ऐसे नेता के तौर पर तैयार करती दिखाई दे रही है जिसकी चर्चा पूरे भारत में हो और उनकी अपील पर किसी भी राज्य की जनता वोट कर सके।
